अंग्रेज़ों की कालोनियों के स्वतंत्रता का समय चित्र इंपीरियलिज़्म या साम्राज्यवाद की दुनिया में ब्रिटेन को सबसे बड़ी शक्ति माना जाता था, जिसका साम्राज्य अफ्रीका के तट से लेकर इंडोनेशिया और उससे आगे ऑस्ट्रेलिया तक फैला हुआ था। साउथ अफ्रीका जहां महात्मा गांधी ने रंगभेद के खिलाफ अपना पहला सत्याग्रह किया, से लेकर ऑस्ट्रेलिया, जहां आज भी औपचारिक रूप से ब्रिटिश राजसत्ता को अपना मुखिया मानता है, जो उस साम्राज्य की दीर्घकालिक विरासत को दिखाता है। द्वितीय विश्व युद्ध के बाद ब्रिटेन को यह एहसास होने लगा कि उसकी साम्राज्यवादी शक्ति क्षीण होती जा रही है और दूर-दूर फैली कॉलोनियों को चलाने की लागत उसके लिए अत्यधिक बोझ बन गई है। इसी कारण ब्रिटेन ने क्रमशः अपनी विभिन्न कॉलोनियों को स्वतंत्रता देना शुरू किया, पर इस क्रम में भारत को एक विशिष्ट और अग्रणी स्थान मिला। भारत ब्रिटिश साम्राज्य की सबसे बड़ी और सबसे महत्वपूर्ण कॉलोनी होने के बावजूद सबसे पहले स्वाधीन हुआ, जबकि अन्य कॉलोनियाँ 1960 के दशक से लेकर 1970 और कुछ तो 1980 के दशक तक ब्रिटिश शासन के अधीन रहीं। तो ऐसा क्या कारण था कि सबसे बड़ी और ...